नालियां फूटीं, सड़क बनी गंदे पानी की नहर! आखिर कब जागेगा एनवीडीए..? : निसरपुर में बदहाली की इंतहा,शिकायतों के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई;सरपंच बोले—कई बार बताया,फिर भी जिम्मेदार बेपरवाह
Shiv Kumar Upwal
एसडीओ का जवाब—"गारंटी खत्म हो गई, अब रिपेयर के लिए एस्टीमेट बनाएंगे"... सवाल यह कि तब तक जनता गंदे पानी में ही जीती रहे?
शिवकुमार उपवाल,9993990544...✍️
निसरपुर,धार 1 जुलाई 2026 | पुनर्वास स्थल निसरपुर में विकास के नाम पर किए गए निर्माण कार्यों की हकीकत अब सड़कों पर बहते गंदे पानी के रूप में दिखाई दे रही है। जगह-जगह फूटी नालियों के कारण गंदा पानी सड़क पर फैल रहा है, जिससे स्थानीय लोगों को रोजाना भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हैरानी की बात यह है कि शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी अब तक गहरी नींद में सोए हुए नजर आ रहे हैं।

ग्राम पंचायत निसरपुर के सरपंच अभयसिंह पटेल का कहना है कि इस गंभीर समस्या से एनवीडीए के एसडीओ आर.वी. सिंह को कई बार अवगत कराया जा चुका है। इसके बावजूद आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। सवाल उठता है कि जब जनप्रतिनिधि की बात भी अधिकारियों तक असर नहीं डाल पा रही, तो आम जनता आखिर किसके भरोसे रहे?
जब इस संबंध में एनवीडीए के एसडीओ आर.वी. सिंह से पक्ष जानना चाहा गया तो उन्होंने कहा कि "नालियों की गारंटी अवधि समाप्त हो चुकी है। अब मरम्मत के लिए एस्टीमेट तैयार किया जाएगा।"

हालांकि अधिकारी का यह जवाब कई सवाल खड़े करता है। यदि गारंटी समाप्त हो गई है तो क्या विभाग की जिम्मेदारी भी समाप्त हो गई? जब तक एस्टीमेट बनेगा, मंजूर होगा और काम शुरू होगा, तब तक क्या लोग गंदे पानी और बदहाल सड़कों के बीच रहने को मजबूर रहेंगे?
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क पर लगातार बहते गंदे पानी से न केवल आवागमन प्रभावित हो रहा है, बल्कि संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। पुनर्वास स्थल पर रहने वाले परिवारों का आरोप है कि विकास कार्यों के नाम पर करोड़ों रुपये खर्च किए गए, लेकिन रखरखाव और जवाबदेही के मामले में विभाग पूरी तरह नाकाम साबित हो रहा है।

खड़े होते सवाल...
शिकायतों के बाद भी कार्रवाई क्यों नहीं हुई?
क्या गारंटी खत्म होते ही विभाग अपनी जिम्मेदारी से मुक्त हो जाता है?
आखिर एस्टीमेट बनने तक जनता गंदे पानी में जीने को मजबूर क्यों रहे?
क्या पुनर्वास स्थल के रहवासियों की समस्याओं की कोई कीमत नहीं?

सवाल...
"अगर विकास की नालियां दम तोड़ दें और शिकायतों के बाद भी जिम्मेदारों के कान पर जूं न रेंगे, तो आखिर जवाबदेह कौन है? जनता को विकास चाहिए या बहाने? अब देखना यह है कि एनवीडीए गंदे पानी को रोकेगा या फिर सिर्फ फाइलों में एस्टीमेट बहता रहेगा।"
विज्ञापन
खबर छपी तो सफाईकर्मी के पक्ष में उतरे बीएमओ! बोले—‘डेंगू हुआ है, इसलिए काम पर नहीं आ रही’
शाहीन खान-नफीसा खान प्रकरण ने फिर खड़ा किया बड़ा सवाल—क्या हम घटना के बाद जागने वाला समाज बन गए हैं?
41 युवाओं ने छोड़ी भाजपा, तलाबड़ी स्थित विधायक हनी बघेल के आवास पर ग्रहण की कांग्रेस की सदस्यता
ठेके की सफाई कर्मचारी महीने में सिर्फ 4 दिन? मेहनताना पूरे महीने का!
भाजपा कार्यकर्ता अभय (अंतिम पटेल) सिंह पटेल की सोशल मीडिया पोस्ट ने संगठन की कार्यशैली पर उठाए तीखे सवाल;
कड़माल नाले के पुल पर बड़ा हादसा, 5 से 7 यात्री गंभीर घायल; ग्रामीणों ने निजी वाहनों से पहुंचाया अस्पताल
पर्यावरण संरक्षण और मोबाइल से दूरी का संदेश लेकर निकला ईद मिलादुन्नबी का विशाल चल समारोह
वाल्मीकि समाज प्रतिनिधि ने किया भूमि पूजन, सर्व समाज ने पेश की सामाजिक समरसता की अनूठी मिसाल
वाल्मीकि समाज की छड़ी निशान यात्रा का भव्य आगमन, नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए पहुंची खाटूश्याम धाम; जगह-जगह पुष्पमाला व श्रीफल से हुआ स्वागत
संविधान निर्माता की प्रतिमा स्थापना से गौरवान्वित हुआ क्षेत्र, समानता और सामाजिक न्याय के विचारों को आगे बढ़ाने का लिया संकल्प